Cardamom Farming: इलायची की खेती करके किसान हो रहे हैं मालामाल, हर महीने लाखों की कमाई, खेती के बारे में जाने पूरी जानकारी

Cardamom Farming: नमस्कार दोस्तों स्वागत है आपका हमारे आज के इस पोस्ट में। मैं आशा करती हूं कि आप सभी बहुत अच्छे होंगे। जैसा की आप सभी को पता है हमारे भारत में उत्पादन की जाने वाली मसाला का पूरे दुनिया में मशहूर है। अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग मसाले की खेती लोग बड़े पैमाने पर कर रहे हैं। इसके बीच सभी किसान भाई इलायची की खेती करके तगड़ी कमाई कर रहे हैं।

इलायची एक ऐसा मसला है जिसका उपयोग अलग-अलग व्यंजनों में किया जाता है इलायची का उपयोग मुख्य रूप से पेय पदार्थ बनाने, कन्फेक्शनरी, भोजन, मिठाई बनाने और मिठाइयों में अच्छी सुगंध देने के लिए किया जाता है। आपको बता दें कि इलायची में कई सारे अवधि गुण होते हैं।

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इसी कारण से भारत के अलावा पूरे दुनिया में भी इसकी मांग दिनों दिन बढ़ रही है इसकी कीमत भी बहुत होता है भारतीय बाजार में इलायची की कीमत 2500 से 3000 रुपए किलो में मिलती है। ऐसे में दोस्तों आप इलायची की खेती करके अच्छा खासा मुनाफा कमा सकते हैं।

जानिए कहां होती है इलायची की खेती

हमारे भारत देश में इलायची की खेती बड़े पैमाने पर होती है। आपको बता दे की इलायची की खेती तमिलनाडु, कर्नाटक, केरल, आंध्र प्रदेश में की जाती है। इन सभी राज्यों में साल भर 1500-1400 मिमी बारिश होती है जो की इलायची की खेती के लिए बहुत ही फायदेमंद होती है। 10 से 35 डिग्री सेल्सियस तापमान पर इलायची की खेती अच्छी तरह से विकसित होती है।

इलायची की खेती के लिए मिट्टी

दोस्तों इलायची की खेती के लिए दोमट मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है इसके अलावा लेटराइट मिट्टी, दोमट मिट्टी, काली मिट्टी में भी इलायची की खेती आसानी से कर सकते हैं। इसकी खेती के लिए जल निकासी की अच्छी सी व्यवस्था जरूर करना चाहिए। रेतीली मिट्टी पर आप बिल्कुल भी इलायची की खेती नहीं लगा सकते क्योंकि इसे नुकसान हो सकता है।

इलायची की खेती के लिए पौधा रोपण

इलायची की खेती को करने के लिए बरसात का मौसम सबसे अच्छा होता है अगर आप इलायची की खेती करना चाहते हैं तो आप जून जुलाई के महीने में अपने खेत में इलायची का पौधा आसानी से लगा सकते हैं क्योंकि इस समय बारिश होती है जिससे आपको सिंचाई की जरूरत भी नहीं पड़ती है। आपको बता दें कि इसकी पौधे को हमेशा छांव में लगाना चाहिए क्योंकि तेज धूप और गर्मी के कारण इलायची की पैदावार ज्यादा नहीं होती है। इलायची के पौधे को 1 से 2 फीट की दूरी पर लगाना चाहिए।

इलायची की फल की तुड़ाई

जैसा कि आप इलायची के खेती करते हैं तो रोपाई करने के बाद 2 साल के बाद इसमें फल आने लगते हैं। इलायची के पौधे में फल लगने के बाद हर 15 से 25 दोनों के अंदर इसकी तुड़ाई कर सकते हैं। जो इलायची पूरी तरह से पक चुके हैं उन्हीं की तुड़ाई करना चाहिए।

इलायची के हरे रंग को बरकरार रखने के लिए इस विधि को अपनाएं

इलायची की तुड़ाई करने के बाद इंधन भट्टे में या बिजली के ड्रायर में या धूप में सुखाया जाता है। इलायची के हरे रंग को बरकरार रखने के लिए दो प्रतिशत वाशिंग सोडा के घोल में 10 मिनट तक भिंगोने के बाद सुखाने की विधि की शुरुआत की जाती है। आप इसे 14 से 18 घंटे के लिए 45 से 50 डिग्री सेल्सियस पर सुखाना चाहिए।

इतना है कमाई

दोस्तों जैसे ही इलायची अच्छी तरह से सूख जाता है तो इसे हाथों या कायर मैट, तार की जाली से अच्छी तरह से रगड़ा जाता है। फिर उसे आकार या रंग के अनुसार जांच लिया जाता है। अच्छे से छांटने के बाद सभी किसान भाई इसे बेचकर तगड़ी कमाई कर सकते हैं। प्रति हेक्टेयर 135 से 150 किलोग्राम तक इलायची की पैदावार प्राप्त कर सकते हैं। भारतीय बाजार में इलायची की कीमत 2500 से ₹3000 प्रति किलोग्राम के बीच में रहती है ऐसे में सभी किसान भाई हर साल 3 लाख से भी ज्यादा की कमाई कर सकते हैं।

निष्कर्ष

दोस्तों आज के इस पोस्ट में हमने आपको “इलायची की खेती” के बारे में पूरी जानकारी देने की कोशिश की है। अगर आपको यह जानकारी अच्छी लगी हो तो अपने दोस्तों और फैमिली के साथ शेयर जरूर करें। तो दोस्तों आज के लिए बस इतना ही मिलते हैं अगले पोस्ट पर तब तक के लिए Lot’s of love Jharna Chaudhary

ऐसे ही पशुपालन, खेती किसानी, बिजनेस आइडिया के बारे में पूरी जानकारी जानने के लिए आज ही नोएडा जॉब वेबसाइट पर विजिट करें।

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